पूर्व कैबिनेट मंत्री चंदन रामदास की मृत्यु के बाद अब बागेश्वर विधानसभा में उपचुनाव होने जा रहा है वही उपचुनाव कांग्रेस और भाजपा के बीच में कौन किससे आगे है यह दिखाने का दंगल भी बन गया है। जहां कल भाजपा का हाथ कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी ने थामा और उसके बाद कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने उन्हें इतिहास याद दिलाया तो आज कांग्रेस के साथ आम आदमी पार्टी के बसंत कुमार हो चले हैं। आज बसंत कुमार ने कांग्रेस पार्टी की सदस्यता ले ली है।
कुछ दिन पहले मीडिया से बात करते हुए भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा था कि कांग्रेस के पास खुद का प्रत्याशी नहीं है और कांग्रेस दूसरी पार्टी से प्रत्याशी को आयात करने जा रही है। तो अब आम आदमी पार्टी के बसंत कुमार ने कांग्रेस का हाथ थाम लिया है जिससे यह तय होता है कि कांग्रेस बसंत कुमार को ही बागेश्वर विधानसभा के उपचुनाव में टिकट देने जा रही है।
वहीं बंसत कुमार ने जैसे ही कांग्रेस का दामन थामा बीजेपी के मीडिया प्रभारी ने कांग्रेस पर जमकर हमला करते हुए I-N-D-I-A गठबंधन पर भी निशाना साधा है।
भाजपा ने आप पार्टी के बसंत कुमार को कांग्रेसी बनाने पर कटाक्ष किया कि कोई कांग्रेसी चुनाव लडने के लिए तैयार नहीं हुआ तो उन्हें उम्मीदवार आयात करना पड़ रहा है । जिससे स्पष्ट है कि वे अपनी स्थिति को लेकर असमंजस मे हैं। जनता देख रही है कि कांग्रेसी गठबंधन ने एक दूसरे को ठगना शुरू कर दिया है, अब चुनाव में जनता को ठगने की तैयारी है
पार्टी प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बागेश्वर से पिछले विधानसभा चुनाव में आप पार्टी के उम्मीदवार रहे बसंत कुमार को अपनी पार्टी में शामिल कर कांग्रेस ने अपनी हार स्वीकार कर ली है । क्योंकि सच्चाई यही है कि लंबी खोजबीन के बाद भी कोई कांग्रेसी नेता स्वर्गीय चंदन राम दास के क्षेत्रीय विकास में अविस्मरणीय योगदान को नकारने की हिम्मत नही जुटा पाया । जब वहां के उनके अधिकांश बड़े नेता लंबे समय से राजनैतिक वनवास झेल रहे है। वह सभी जानते हैं कि बागेश्वर की जनता का विश्वास और भावनाएं अपने लोकप्रिय नेता स्वर्गीय राम दास के साथ आज भी हैं । उनके द्वारा जीवनपर्यंत किए गए लोक कल्याण के कार्यों को श्रद्धांजलि देने के लिए वहां की जनता भाजपा के पक्ष में मतदान करने का मन बना चुकी है । हालात ये है कि भाजपा के खिलाफ उम्मीदवार खड़ा करने के लिए भी उन्हें दूसरी पार्टियों से प्रत्याशी आयात करना पड़ रहा है । चौहान ने तंज किया, वह पहले से ही जानते हैं विपक्ष का I.N.D.I.A. गठबंधन, ठगबंधन है । पहले ये सभी पार्टियां एक दूसरे को ठगने वाली हैं और फिर चुनावों में जनता को ठगने का प्रयास करेंगी । जिसकी शुरुआत कांग्रेस ने उत्तराखंड से कर दी है और ठगबंधन की अपनी सहयोगी पार्टी आम आदमी पार्टी के नेता को पार्टी में शामिल किया है ।